खैरागढ़. सावन के चौथे व अंतिम सोमवार के पावन अवसर पर गंगाधर कांवड़िया समिति द्वारा भव्य कांवड़ यात्रा निकाली गई। मुस्का नदी स्थित मां नर्मदा कुंड से सैकड़ों की संख्या में शिवभक्तों ने कांवड़ में पवित्र जल भरा और ‘बोल बम’, ‘हर-हर महादेव’ के जयघोष के साथ यात्रा की शुरुआत की। कांवड़ यात्रा में बड़ी संख्या में भाजपा जनप्रतिनिधि, नेता, कार्यकर्ता, महिलाएं और ग्रामीण शामिल हुए। पूरे मार्ग में शिवभक्ति और उत्साह का माहौल नजर आया।

कांवड़ यात्रा मुस्का नदी के मां नर्मदा कुंड से रवाना होकर दाऊचौरा, जय स्तंभ चौक, राजीव चौक, बख्शी मार्ग, इतवारी बाजार, बरेठ पारा, ठाकुर पारा और अस्पताल चौक से होते हुए प्राचीन रुख्खड़ स्वामी मंदिर पहुंची। यहां कांवड़ियों ने दर्शन-पूजन किया। इसके बाद यात्रा दंतेश्वरी मंदिर पहुंची, जहां श्रद्धालुओं ने माता के दर्शन किए। दंतेश्वरी मंदिर से कांवड़िए अंबेडकर चौक होते हुए रियासतकालीन वीरेश्वर महादेव मंदिर पहुंचे। यहां कांवड़ में भरकर लाए गए पवित्र जल से भगवान शिव के शिवलिंग का जलाभिषेक किया गया।
जगह-जगह हुआ कांवड़ियों का स्वागत

कांवड़ यात्रा के दौरान शहर में जगह-जगह श्रद्धालुओं और नागरिकों ने कांवड़ियों का स्वागत किया। यात्रा मार्ग पर कांवड़ियों पर पुष्प वर्षा की गई। ‘बोल बम’ और ‘हर-हर महादेव’ के जयघोष के बीच आगे बढ़ती कांवड़ यात्रा ने पूरे शहर को शिवभक्ति के रंग में रंग दिया।
भक्ति गीतों पर थिरकती नजर आईं महिलाएं
कांवड़ यात्रा में महिलाओं की भी बड़ी संख्या में भागीदारी रही। डीजे पर बज रहे भोलेनाथ के भक्ति गीतों पर महिलाएं उत्साह के साथ थिरकती नजर आईं। युवा और अन्य श्रद्धालु भी जयघोष करते हुए कांवड़ यात्रा में शामिल रहे। कांवड़ियों के साथ चल रहे शिवभक्तों के उत्साह और उमंग से यात्रा का माहौल पूरी तरह भक्तिमय बना रहा।
भाजपा नेताओं सहित बड़ी संख्या में शिवभक्त हुए शामिल

कांवड़ यात्रा में मुख्य रूप से प्रदेश भाजपा कार्यसमिति सदस्य घम्मन साहू, विकेश गुप्ता, नगर पालिका अध्यक्ष गिरजा नंद चंद्राकर, जिला भाजपा अध्यक्ष डॉ. बिसेसर साहू, दिनेश वर्मा, गोरेलाल वर्मा, रूपेंद्र रजक, विनय देवांगन, देवीन कोठले, रेखा गुप्ता, मोनिका रजक, नीलिमा गोस्वामी, सरस्वती यदु, पंकज सिंह राजपूत, डोरेलाल साहू, आयश सिंह, ऋषभ सिंह, मंजीत सिंह, चंदन गोस्वामी, महेश गोस्वामी और नंद चंद्राकर सहित बड़ी संख्या में शिवभक्त मौजूद रहे।

कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं ने भगवान शिव के प्रति अपनी आस्था और भक्ति प्रकट की। मुस्का नदी के मां नर्मदा कुंड से शुरू हुई यात्रा का रियासतकालीन वीरेश्वर महादेव मंदिर में जलाभिषेक के साथ समापन हुआ। इस दौरान शहर में धार्मिक उत्साह और आस्था का विशेष वातावरण बना रहा।


