छुईखदान. छुईखदान विकासखंड के ग्राम पंचायत कोहलाटोला और आश्रित ग्राम गड़बंजा के ग्रामीण बड़ी संख्या में कलेक्टर कार्यालय पहुंचे। ग्रामीणों ने ज्ञापन सौंपकर कोहलाटोला से गड़बंजा तक पहुंच मार्ग का निर्माण तत्काल पूर्ण कराने की मांग की।
ग्रामीणों का कहना है कि यह मार्ग पिछले दो वर्षों से निर्माणाधीन है। ठेकेदार द्वारा सड़क की खुदाई कर बड़े-बड़े बोल्डर डाल दिए गए, लेकिन इसके बाद काम ठप पड़ गया। नतीजतन सड़क गड्ढों और पत्थरों से भरी है, जिससे आवागमन में भारी परेशानी और हादसों की आशंका बनी रहती है।
ग्रामीणों ने बताया कि इस मार्ग से स्कूली बच्चे साइकिल से स्कूल जाते हैं। आए दिन टायर पंचर होना, फिसलन और गिरकर चोट लगने की घटनाएं हो रही हैं। किसानों को खेत तक पहुंचने और पंचायत संबंधी कार्यों के लिए भी इसी रास्ते पर निर्भर रहना पड़ता है, जिससे रोजमर्रा की जिंदगी प्रभावित हो रही है।
ज्ञापन में ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र निर्माण शुरू नहीं हुआ तो वे बच्चों को स्कूल भेजना बंद करने को मजबूर होंगे। उनका कहना है कि ऐसी स्थिति में बच्चों की पढ़ाई-लिखाई छूटेगी और मजबूरी में उन्हें खेती-किसानी में लगाना पड़ेगा—जिसकी नैतिक जिम्मेदारी संबंधित अधिकारियों पर होगी।
ग्रामीणों ने यह भी स्पष्ट किया कि वे इस मार्ग के निर्माण को लेकर जनपद पंचायत, सुशासन तिहार के साथ-साथ स्थानीय जनप्रतिनिधियों से भी कई बार गुहार लगा चुके हैं, लेकिन अब तक कहीं से कोई ठोस पहल या सुनवाई नहीं हुई।
इस दौरान जनपद सदस्य प्रतिनिधि मुकेश चंदेल, सरपंच दीपसिंग नेताम सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे। ग्रामीणों ने मांग की कि ठेकेदार की जवाबदेही तय कर निर्धारित समय-सीमा में सड़क का निर्माण पूरा कराया जाए, ताकि गांववासियों को सुरक्षित आवागमन की सुविधा मिल सके।




