रायपुर. मुख्यमंत्री विष्णु देव साय सरकार का तीसरा बजट मंगलवार को विधानसभा में पेश करते हुए वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने ‘संकल्प’ थीम के साथ समावेशी विकास, अधोसंरचना और निवेश पर जोर दिया। बजट में महतारी वंदन योजना के लिए 8200 करोड़ रुपये, कृषक उन्नति योजना के लिए 10 हजार करोड़ रुपये और प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के लिए 4000 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
कृषि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर बड़ा दांव
कृषि पंपों के लिए 5500 करोड़, गन्ना उत्पादक किसानों के लिए 96 करोड़, डेयरी विकास के लिए 90 करोड़ और प्राकृतिक खेती के लिए 40 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन मजदूर योजना के लिए 600 करोड़ और ग्रामीण सड़क योजना के लिए 1700 करोड़ रुपये निर्धारित किए गए हैं।
वन, पर्यावरण और बस्तर विकास
वन संरक्षण के लिए 913 करोड़ रुपये और ऑयल पाम खेती के लिए 150 करोड़ का प्रावधान किया गया है। वन विभाग में 1000 पदों पर भर्ती होगी तथा प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए 35 करोड़ रुपये रखे गए हैं। बस्तर विकास प्राधिकरण का बजट बढ़ाकर 75 करोड़ किया गया है। 1500 बस्तर फाइटर्स के पद सृजित होंगे। 206 गांवों को शहरों से जोड़ने और बस्तर-सरगुजा में बस सेवा के लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं।
स्वास्थ्य और शिक्षा को बढ़ावा
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के लिए 2000 करोड़ और आयुष्मान योजना के तहत 1500 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। रायपुर में 200 बिस्तर अस्पताल की घोषणा हुई है। बस्तर, सरगुजा, कुनकुरी, दंतेवाड़ा और मनेंद्रगढ़ में मेडिकल कॉलेजों के संचालन के लिए 50 करोड़ रुपये दिए जाएंगे। 150 विद्यालयों के लिए 100 करोड़, स्कूल भवनों के लिए 123 करोड़ और पांच नालंदा लाइब्रेरी हेतु 22 करोड़ रुपये रखे गए हैं।
अधोसंरचना और उद्योग
मुख्यमंत्री सड़क योजना के लिए 200 करोड़ और 36 सड़कों का निर्माण प्रस्तावित है। नवा रायपुर-राजनांदगांव इंडस्ट्रियल कॉम्प्लेक्स, भिलाई व्यावसायिक परिसर और 23 नए उद्योगों की स्थापना की घोषणा की गई है। उद्योग अनुदान के लिए 750 करोड़ रुपये और निवेश प्रोत्साहन के लिए 100 करोड़ रुपये निर्धारित किए गए हैं।
सामाजिक सरोकार और नई योजनाएं
रानी दुर्गावती योजना के तहत बालिकाओं को 18 वर्ष पूर्ण होने पर डेढ़ लाख रुपये दिए जाएंगे। पेंशन के लिए 1400 करोड़, नशा मुक्ति केंद्रों के लिए 20 करोड़ और ओबीसी छात्राओं के लिए रायपुर में 200 सीटों का हॉस्टल बनेगा। पांच शक्तिपीठों के भ्रमण हेतु 5 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
वित्त मंत्री ने बताया कि इस बार बजट का ‘SAN KALP’ मंत्र—समावेशी विकास, अधोसंरचना, निवेश, कुशल मानव संसाधन, अन्त्योदय, लाइवलीहुड और पॉलिसी से परिणाम—राज्य की विकास दिशा तय करेगा।




