खैरागढ़. शहरी क्षेत्र के किल्लापारा वार्ड क्रमांक 11 और अमलीपारा वार्ड क्रमांक 12 स्थित आंगनबाड़ी केंद्रों में ‘आंगन मिलन सेवा’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में महिलाओं, अभिभावकों, हितग्राहियों, मितानिनों और जनप्रतिनिधियों ने सहभागिता कर पोषण, स्वास्थ्य और महिला कल्याण से जुड़ी योजनाओं की जानकारी ली।

वार्ड क्रमांक 11 में आयोजित कार्यक्रम में नगर पालिका अध्यक्ष गिरिजा चंद्राकर, महिला मोर्चा जिला महामंत्री प्रीति यादव, वार्ड पार्षद रूपेंद्र रजक सहित वार्ड की महिलाएं, अभिभावक और मितानिन उपस्थित रहीं। वहीं वार्ड क्रमांक 12 के कार्यक्रम में नगर पालिका अध्यक्ष गिरिजा नंद चंद्राकर, वार्ड क्रमांक 14 के पार्षद देविन कोटले सहित अन्य हितग्राही महिलाएं शामिल हुईं।

कार्यक्रम के दौरान समुदाय के समक्ष ‘मेरी पौष्टिक थाली’ के तहत आंगनबाड़ी केंद्र में निर्धारित मेनू के अनुसार बच्चों को मिलने वाले गरम भोजन की थाली का प्रदर्शन किया गया। साथ ही आंगनबाड़ी केंद्र में पौष्टिक सब्जियों, फलों और स्थानीय व्यंजनों की प्रदर्शनी लगाई गई। स्वस्थ शिशु प्रतियोगिता का आयोजन कर स्वस्थ बच्चों को पुरस्कृत किया गया।

इस दौरान ‘हर घर मुनगा, घर-घर मुनगा’ अभियान के तहत मौजूद अतिथियों एवं जनप्रतिनिधियों ने आंगनबाड़ी परिसर में मुनगा के पौधे का रोपण किया। इस पहल के माध्यम से परिवारों को मुनगा के पोषण संबंधी महत्व और घर-घर पौधे लगाने के लिए प्रेरित किया गया।

नगर पालिका अध्यक्ष गिरिजा चंद्राकर ने कहा कि बच्चों और महिलाओं का बेहतर स्वास्थ्य समाज की मजबूत नींव है। आंगनबाड़ी केंद्र केवल बच्चों की देखभाल का स्थान नहीं, बल्कि पोषण, स्वास्थ्य और जागरूकता का महत्वपूर्ण केंद्र हैं। उन्होंने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं, मितानिनों, एएनएम और सेक्टर पर्यवेक्षकों द्वारा किए जा रहे कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम हितग्राही तक पहुंचाने में इनकी भूमिका महत्वपूर्ण है।

इस अवसर पर नगर पालिका अध्यक्ष ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिका, मितानिन, एएनएम और सेक्टर पर्यवेक्षक को श्रीफल एवं शाल भेंट कर सम्मानित किया। केंद्र के बच्चों के लिए मनोरंजक खेल गतिविधियों का आयोजन किया गया तथा उन्हें चॉकलेट और मिठाई वितरित की गई।
कार्यक्रम के माध्यम से बच्चों के पोषण एवं स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने, महिलाओं को कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ने तथा समुदाय की आंगनबाड़ी केंद्रों में सहभागिता बढ़ाने का संदेश दिया गया।


